भावेश-२ (भुव लोक )
भुवः लोक (मध्य लोक – सौरमण्डल) से सम्बन्धित चार भाव हैं – सुत (५वाँ) जिसका अर्थ है सन्तान, शत्रु (६ठा), दारा (७वाँ) तथा मृत्यु (८वाँ)। इन शब्दों के अर्थ को भलीभाँति समझ लें, अन्यथा आप इन भावों का वास्तविक अर्थ कभी नहीं समझ पाएँगे। यह जानना अत्यन्त आवश्यक है कि जब किसी भाव का स्वामी किसी अन्य भाव में स्थित होता है, तब उसके फल कैसे विचारने चाहिए।



